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सुकमा में एक नक्सली का आत्मसमर्पण, छत्तीसगढ़ शासन की नीतियों का असर

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OM Darpan

Sep 04, 2024 05:59 am 490 views
सुकमा में एक नक्सली का आत्मसमर्पण, छत्तीसगढ़ शासन की नीतियों का असर
  • पुलिस के बढ़ते प्रभाव और पुनर्वास योजनाओं से प्रेरित होकर नक्सली ने किया आत्मसमर्पण
सुकमा (कौशल संदुजा) छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में सक्रिय नक्सली, वाडम सम्मू उर्फ समैया (उम्र 19 वर्ष, निवासी पेदाबोड़केल, थाना चिंतलनार) ने आज दिनांक 03.09.2024 को पुलिस अधीक्षक कार्यालय सुकमा में निरीक्षक अविलाष टण्डन, प्रभारी डीआरजी सुकमा और निरीक्षक सुजित कुमार, 223 वाहिनी सीआरपीएफ के समक्ष बिना हथियार के आत्मसमर्पण कर दिया। आत्मसमर्पण का यह फैसला छत्तीसगढ़ शासन की “छत्तीसगढ़ नक्सलवाद उन्मूलन एवं पुनर्वास नीति” एवं “नियद नेल्ला नार” योजना से प्रेरित होकर और जिले में बढ़ते पुलिस कैम्पों के प्रभाव के कारण लिया गया।
  • नक्सली को आत्मसमर्पण के लिए प्रोत्साहित करने में 223 वाहिनी सीआरपीएफ के आसूचना शाखा का विशेष योगदान रहा।
  • आत्मसमर्पण करने वाले नक्सली वाडम सम्मू उर्फ समैया ने नक्सली संगठन में जुड़कर पुलिस गश्त पार्टी पर हमला करने, मार्गों पर बम लगाने और शासन-प्रशासन के विरूद्ध नक्सली प्रचार सामग्री लगाने जैसी गतिविधियों में शामिल था।
  • आत्मसमर्पण के बाद नक्सली को छत्तीसगढ़ नक्सलवाद उन्मूलन एवं पुनर्वास नीति के तहत सहायता राशि और अन्य सुविधाएं प्रदान की जाएंगी।
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